Monday, August 24, 2026

सती मंदिर या प्रथा


 

 

हमारे गाँव में सती मंदिर जाते थे हमारे घर के लोग । बच्चों का मुंडन संस्कार वहीं होता था । स्कूल के दिन में सती की कहानी सुन कर अच्छा  लगता था । सती के पिता पर क्रोध आता था ।

 

ज्यों ज्यों पुस्तकें पढ़ती गई सती प्रथा का ज्ञान हुबाल विधवाओं के बारे में ज्ञान हु महिलाओं की समाज में दुखद स्थिति से परिचित हुऔर आज  महसूस हुआ कि शादी के बाद एक प्रकार से गुलाम हो जाती हैं लड़कियां

कितना भी पढ़ ले लड़कियां आम लड़कियां बहुत दुख भोगती है

 

कितना भी लिखिए लड़कियों की आजादी के बारे में पर चेतना नहीं आती लड़कियों मे । उन्हें लगता है शादी आर्थिक चिंता से मुक्त करती है और उसे सुरक्षा देती है । ऐसी लड़कियां सती की मंदिर में मनौतियां मानती हैं अपने बेटे के लिएयही बेटा उच्च पदस्थ हो कर माँ से दूर हो जाता है ।

 

आखिर क्यों महिमामंडन हो रहा है सती का । अवचेतन मन में ह्ारे सती जीवित है । काश सती हुई महिला के कष्ट से हम परिचित हो पाते । 

Saturday, August 22, 2026

सब्जेक्ट में नंबर तो चाहिये ही


 

 

हमारे स्कूल में टीचर ट्यूशन नहीं पढ़ाते। अलाउड ही नहीं है । यह बोल कर प्रिंसिपल अपने विद्यार्थियों की जिम्मेवारी से मुक्त हो जाते हैं ।

 

विद्यार्थी सभी विषयों में पास नंबर लाता है । चिंता की कोई बात नहीं । बच्चा कम नंबर लाता है तो अभिभावक स्कूल से बुलावा आता है । विषय टीचर अभिभावक को उसके बच्चे की समस्या से अवगत कराते हैं बस । वैसे स्कूल में साइकोलॉजिस्ट है बच्चों की समस्या सुलझाने के लिये।

 

बच्चा क्लास में शैतानी करता है । पढ़ाई में उसका मन नहीं लगता है। घर में माता पिता नौकरी करत है । कुक है । झाड़ बर्तन के लिये कामवाली है । ट्यूशन टीचर लगा है । विषयों में कम नंबर आता है तो ट्यूशन टीचर बदल दिया जाता है । बच्चा मिडिल स्कूल मे है । काश बच्चे को इतनी समझ होती कि बच्चे अपनी माता पिता की समस्याओं को समझ पाते । माँ सबसे ज्यादा परेशान होती है ।

 

इससे अच्छा तो वह स्कूल है जहां टीचर को ट्यूशन अलाउड है । कम से कम बच्चे के कम नंबर लाने के लिये वे जवाबदेह होते । आप आखिर कैसा पढ़ा रहे हैं स्कूल में और ट्यूशन में कि बच्चा पास ही नहीं होता ।

Thursday, August 6, 2026

लेखन का जन्म


 

 

मीडिया में कुछ चर्चित चेहरे होते हैं । वे जब पुस्तक लिखते हैं  तो प्रकाशक उन पांडुलिपियों को छापने को तत्पर रहते हैं । उन चर्चित चेहरों का एक उत्सुक वर्ग रहता है जो उनके जीवन को जानने को उत्सुक रहात है । इन व्यक्तियों की ऑटोबायोग्राफी या बायोग्राफी पढ़ने को उत्सुक समाज से प्रकाशक और लेखक की कमाई होती है । ऐसी पुस्तकें घर और लाइब्रेरी में स्थान पाती हैं । यही उस कालखंड का इतिहास है । अपने समाज का इतिहास जानने के लिये उस कालखंड का साहित्य पढ़ें । साहित्य विचारधारा का वाहक होता है ।साहित्य समाज की सोंच में परिवर्तन लाता है ।

 

अच्छे लेखक सड़कों पर खड़े या  पैदल चलते मिलेंगे न कि कारों में । प्रकाशक तो बिजनेस संस्था होती है । 

Wednesday, May 20, 2026

काम मांगिए

 मांगन मरण समान है

मति मांगो कोई भीख ।

 

मांगन ते मरना भला

यह सतगुरु की सीख ।

 

 

मांगना है तो काम मांगिए । कमाई कीजिए । अगर आपमें सामनेवाले को एक कप चाय पिलाने की सामर्थ्य नहीं है तो  उस की ऑफर की हुई एक कप चाय भी मत पीजिए । आप श्री हीन हो जाएंगे । 

Monday, June 16, 2025

I am milestone

I am a milestone of one of the self made road which no body likes to travel .......

I do not know 
how I made road in the darkness 
I suffered in day ....
sometimes 
in night a saw bad dreams and screamed .....
Today 
I am alone and aloof 
waiting for a wanderer .

Sunday, January 19, 2025

good bye



Friday, September 16, 2016




#indu_bala_singh


Say good bye to toxic person


Forget


That the person may be friend or relative


And never look back .



Monday, September 30, 2024

Father of a daughter



#indu_bala_singh


A trainee doctor is raped in her workplace 


A father read on newspaper …


He is 


CONFUSED 


HORRIFIED 


ASHAMED 


HUMILIATED


He is thinking ……


What kind of society is this for  my children .